शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में – Teachers Day Essay in Hindi 2018

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में – Teachers Day Essay in Hindi 2018

September 4, 2018 1 By Rupesh Goyal

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में, Teachers Day Essay in Hindi अपने शिक्षक का दिल से अभिनंदन करने की जरुरत है और जीवनभर अध्यापन के अपने निस्स्वार्थ सेवा के लिये साथ ही अपने अनगिनत विद्यार्थीयों के जीवन को सही आकार देने के लिये उन्हें धन्यवाद देना चाहिये । शिक्षक दिवस (जो हर साल 5 सितंबर को मनाया जाता है हम सभी के लिये उन्हें धन्यवाद देने और अपना एक दिन उनके साथ बिताने के लिये ये एक महान अवसर है। आप सभी को मेरी और शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में, Teachers Day Essay in Hindi 2018 भी पोस्ट पड़ने को मिलेगी जैसे-शिक्षक दिवस बधाई सन्देश – Teachers Day Wishes in Hindiटीचर डे शायरी हिंदी 2018 – Best Happy Teachers Day Quotes and Shayari in Hindi

Teachers Day Essay in Hindi 2018

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में-Teachers Day Essay in Hindi

शिक्षक दिवस (टीचर्स डे) भारत में हर वर्ष 5 सितंबर को डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जन्म-दिवस के अवसर पर मनाया जाता है। परंतु यह दिवस केवल भारत में ही नहीं मनाया जाता है. अपितु शिक्षक के प्रति आदर-भाव को प्रकट करने के लिए दुनिया के लगभग सभी देशों में अलग-अलग तिथि को मनाया जाता है। अमेरिका में मई के पहले मंगलवार को ‘नेशनल टीचर्स डे’ मनाया जाता है। इसलिए वहाँ शिक्षक दिवस के लिए कोई निश्चित तारीख नहीं है। इसी प्रकार चीन में शिक्षक दिवस एक दिंसंबर को मनाया जाता है। वेनेजुएला में 15 जनवरी को¸ कोरिया में 15 मई को और ताइवान में 28 सितंबर को शिक्षक दिवस मनाया जाता है।
हम जानते हैं कि 5 सितंबर को शिक्षक दिवस सर्वपल्ली राधाकृष्णन की शिक्षा मर्मज्ञता एवं शिक्षा-प्रेम के कारण मनाया जाता है। इस दिन विद्यालय का कार्यभार बच्चों के सुपुर्द कर दिया जाता है. और बच्चे शिक्षक बनकर एक शिक्षक का कार्य निर्वाह करते हैं।

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में

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शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में-Teachers Day Essay in Hindi

सादा जीवन बिताने वाले डॉ. राधाकृष्णन का जन्म 5 सितंबर 1888 को मद्रास के तिरूतणी नामक गाँव में हुआ था. उन्होंने छात्र जीवन में आर्थिक संकटों का सामना करते हुए. कभी हिम्मत नहीं हारी थी। डॉ. राधाकृष्णन भाग्य् से अधिक कर्म में विश्वास करते थे। वह दर्शनशास्त्र के अध्यापक थे। उन्होंन ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में अध्यापन कार्य किया था। सन 1952 में वे देश के उपराष्ट्रपति चुने गए और दस वर्ष तक उपराष्ट्रपति क पद पर रहे। फिर 12 मई 1962 में वे भारत के राष्ट्रपति चुने गए।
इसी दौरान चीन के आक्रमण के समय उन्होंने अद्भुत धैर्य और साहस का परिचय देते हुए. कटकालीन परिस्थिति की घोषणा की शिक्षक¸ दार्शनिक¸ नेता और एक विचारक के रूप में समान रूप से सफल होने वाले डॉ. राधाकृष्णन मूलतः शिक्षक थे। अपने जीवन के 40 वर्ष उन्होंने अध्यापन कार्य में व्यतीत किए।

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में 2018

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में-Teachers Day Essay in Hindi

सादा जीवन जीने वाले डॉ. राधाकृष्णन को बच्चे विशेष प्रिय थे। बच्चे चाहे शोर करें या चीजें तोड़े-फोड़ें वे उन्हें कुछ नहीं कहते थे परंतु उनकी पुस्तकें कोई छेड़े या फाड़े यह उन्हें सख्त नापसंद था।
स्वाधीन भारत के सामने जब उच्च शिक्षा की नवीन व्यवस्था की स्थापना का प्रश्न उठा तब तत्कालीन शिक्षा मंत्री मौलाना आजाद ने शिक्षा आयोग की नियुक्ति की योजना बनाई। उस समय शिक्षा आयोग का अध्यक्ष डॉ. राधाकृष्णन को ही बनाया गया। इस पद हेतु सबसे उपयुक्त वही व्यक्ति थे।
भारत के अलावा पश्चिमी देशों तक में भारतीय ज्ञान का प्रभूत्व स्थापित करने वाले डॉ. राधाकृष्णन का नाम उद्भट शिक्षाशास्त्री के रूप में सदैव अमर रहेगा।

शिक्षक दिवस पर निबंध

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में-Teachers Day Essay in Hindi

हमारे जीवन, समाज और देश में शिक्षकों के योगदान को सम्मान देने के लिये हर वर्ष 5 सितंबर को भारत में शिक्षक दिवस मनाया जाता है। 5 सितंबर के दिन शिक्षक दिवस मनाने के पीछे एक बड़ा कारण है। 5 सितंबर को ही भारत के एक महान व्यक्ति, डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन का जन्मदिन था। वो शिक्षा के प्रति अत्यधिक समर्पित थे और एक अध्येता, राजनयिक, भारत के राष्ट्रपति और खासतौर से एक शिक्षक के रुप में जाने जाते थे।

एक बार, 1962 में वह भारत के राष्ट्रपति बने तो कुछ विद्यार्थियों ने 5 सितंबर को उनका जन्मदिन मनाने का निवेदन किया। उन्होंने कहा कि 5 सितंबर को मेरा जन्म दिन मनाने के बजाय क्यों नहीं इस दिन को अध्यापन के प्रति मेरे समर्पण के लिये शिक्षक दिवस के रुप में मनाया जाये। उनके इस कथन के बाद पूरे भारत भर में 5 सितंबर को शिक्षक दिवस के रुप में मनाया जाने लगा।

Teachers Day Essay in Hindi for Students

शिक्षक दिवस पर निबंध हिंदी में-Teachers Day Essay in Hindi

सभी के लिये शिक्षक दिवस बहुत ही खास अवसर होता है,खासतौर से एक शिक्षक और विद्यार्थी के लिये। अपने शिक्षकों को सम्मान देने के लिये विद्यार्थियों द्वारा ये हर वर्ष 5 सितंबर को मनाया जाता है। 5 सितंबर को भारत में शिक्षक दिवस के रुप में घोषित किया गया है। हमारे पूर्व राष्ट्रपति डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन का जन्म 5 सितंबर 1888 को हुआ था इसलिये अध्यापन पेशे के प्रति उनके प्यार और लगाव के कारण उनके जन्मदिन पर पूरे भारत में शिक्षक दिवस मनाया जाता है। उनका शिक्षा में बहुत भरोसा था साथ ही वह अध्येता, राजनयिक, शिक्षक और भारत के राष्ट्रपति के रुप में भी प्रसिद्ध थे।

शिक्षक और विद्यार्थी के बीच के रिश्तों की खुशी को मनाने के लिये शिक्षक दिवस एक बड़ा अवसर है। आज के दिनों में इसे स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय और शैक्षणिक संस्थानों में शिक्षक और विद्यार्थियों के द्वारा बहुत ही खुशी और उत्साह के साथ मनाया जाता है। अपने विद्यार्थियों से शिक्षकों को ढ़ेर सारी बधाईयाँ मिलती है। आधुनिक समय में शिक्षक दिवस को अलग तरीके से मनाया जाता है। इस दिन विद्यार्थी बहुत खुश होते हैं और अपने तरीके से अपने पसंदीदा शिक्षक को बधाई देते है। कुछ विद्यार्थी पेन, डॉयरी, कार्ड आदि देकर बधाई देते हैं तो कुछ सोशल नेटवर्किंग साईट जैसे फेसबुक, ट्वीटर, या विडीयो ऑडियो संदेश, ई-मेल, लिखित संदेश या ऑनलाइन बातचीत के द्वारा अपने शिक्षक को बधाई देते हैं।